एक स्त्री के जीवन में लाल रंग उसके अखंड सौभाग्य और अटूट विश्वास का सबसे बड़ा माध्यम बनता है
विवाह के समय दुल्हन का लाल जोड़ा, हाथों की लाल चूड़ियाँ और पैरों में लगा लाल महावर (अल्ता) उसके जीवन में एक नए और शुभ अध्याय की शुरुआत करते हैं
#goon
लाइक रिपोस्ट कमेंट
आप सभी को धन्यवाद
दुष्ट प्रवृत्तियों का नाश करने वाली माँ दुर्गा स्नेहमयी लाल वस्त्रों में सुसज्जित होती हैं
धन और ऐश्वर्य की अधिष्ठात्री माँ लक्ष्मी लाल रंग के कमल पर विराजमान रहती हैं
नारी का वास्तविक स्वरूप शक्ति, तेज और परम मंगलकारी ऊर्जा से भरपूर है
शुभ प्रभात @DevikaMarg2devi की ओर से
#BINI
जहां एक तरफ संभोग जीवन के प्रेम, मिलन और शारीरिक/काव्यात्मक पक्ष को दर्शाता है
वहीं दूसरी तरफ शुभ रात्रि दिन के अंत में दी जाने वाली एक सम्मानजनक और स्नेहपूर्ण शुभकामना है
आप सभी को शुभ रात्रि @DevikaMarg2devi की ओर से
#DEWTEE
पोस्ट को लाइक तथा संभव हो तो रिपोस्ट और कमेंट करें
रंग मनोविज्ञान और सामाजिक दृष्टिकोण दोनो मे ही लाल रंग को प्रगाढ़ प्रेम, जुनून का रंग माना है
नारी स्वभाव से ही बेहद संवेदनशील, स्नेहमयी, करुणामयी होती है
लाल रंग उसके भीतर छिपी ममता, निश्छल प्रेम, दूसरो को खुद से जोड़ने की अटूट भावना को बेहद खूबसूरती से अभिव्यक्त करता है
#GMMTV
भारतीय संस्कृति और जीवन दर्शन मे लाल रंग और नारी का संबंध अत्यंत गहरा,पवित्र,अटूट है
लाल रंग को आदिप्रकृति और दिव्य नारीत्व का साक्षात प्रतीक माना गया है
जुड़ाव केवल बाहरी सौंदर्य तक सीमित नही है बल्कि नारी के अस्तित्व,आत्मगौरव,सृजन क्षमता,विभिन्न जीवन चरणो को दर्शाता है
#GFvip
उजला रंग स्त्री के शांत, गंभीर، गरिमामयी स्वभाव को प्रकट करता है
यह रंग दिखाता है कि स्त्री का आकर्षण केवल भड़कीले वस्त्रो मे नहीं बल्कि उसकी सादगी मे है
जहाँ लाल या पीला रंग स्त्री के वैवाहिक उल्लास، त्योहारो से जुड़ा है वहीं उजला रंग उसकी आंतरिक शांति, शुचिता، गरिमा से
#JEOLEE
भारतीय संस्कृति में उजला रंग पवित्रता, शांति और सादगी का सर्वोच्च प्रतीक माना गया है
विद्या और बुद्धि की देवी माता सरस्वती का वर्णन हमेशा श्वेतवस्त्रा के रूप में किया जाता है जो स्त्री के भीतर ज्ञान, शील और मानसिक शुचिता को दर्शाता है
#Femboy
शुभ प्रभात @DevikaMarg2devi की ओर से
उजला रंग और स्त्री का संबंध भारतीय साहित्य, संस्कृति और मनोविज्ञान मे अत्यंत गहरा और बहुआयामी रहा है
इसका वर्णन मुख्य रूप से दो दृष्टिकोणों से किया जाता है
पहला
बाह्य सौंदर्य के आधार पर
दूसरा
आंतरिक गुणों, पवित्रता और सामाजिक जीवन के प्रतीक के रूप मे
#2026MAMAVOTE #2026MAMAVOTE️
धनतेरस (धनत्रयोदशी) का पर्व कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है जो दीपावली के दो दिन पहले आता है
यह पर्व धन, आरोग्य और सौभाग्य का प्रतीक है
धनतेरस का महत्व एवं कथा
भगवान धन्वंतरि का अवतरण
माता लक्ष्मी और कुबेर पूजन
यम दीपदान
#धनतेरस_की_हार्दिक_शुभकामनाएं
आज के आधुनिक युग में दोनों गुण किसी एक महिला में भी मिल सकते हैं
एक महिला घर और संस्कारों को संभालते हुए (संस्कारी) बाहर की दुनिया में उतनी ही चतुर और सफल (सांसारिक) भी हो सकती है
#5Novembre2026
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२.
व्यावहारिक रूप से बहुत चतुर
दुनिया के तौर तरीको को अच्छी तरह समझती है
अपने हितो की रक्षा करना जानती है
अपनी इच्छाओ, करियर, व्यक्तिगत विकास को लेकर काफी जागरूक महत्वाकांक्षी होती है
परंपराओ से ज्यादा इस बात पर ध्यान देती है कि वर्तमान समय मे क्या उपयोगी व्यावहारिक है
#5novembre
२.
व्यावहारिक रूप से बहुत चतुर
दुनिया के तौर तरीको को अच्छी तरह समझती है
अपने हितो की रक्षा करना जानती है
अपनी इच्छाओ, करियर, व्यक्तिगत विकास को लेकर काफी जागरूक महत्वाकांक्षी होती है
परंपराओ से ज्यादा इस बात पर ध्यान देती है कि वर्तमान समय मे क्या उपयोगी व्यावहारिक है
#5novembre
सांसारिक औरत भाग १...
सांसारिक शब्द संसार से बना है
ऐसी महिला व्यावहारिक होती है
इस भौतिक संसार के सुख साधनों, सामाजिक स्थिति और प्रगति पर अधिक ध्यान देती है
इनके लिए अच्छा रहन सहन, सुख सुविधाएं, धन दौलत और समाज में एक ऊंचा स्टेटस मायने रखता है
#5novembre
अगला भाग अगली पोस्ट में
सांसारिक औरत भाग १...
सांसारिक शब्द संसार से बना है
ऐसी महिला व्यावहारिक होती है
इस भौतिक संसार के सुख साधनों, सामाजिक स्थिति और प्रगति पर अधिक ध्यान देती है
इनके लिए अच्छा रहन सहन, सुख सुविधाएं, धन दौलत और समाज में एक ऊंचा स्टेटस मायने रखता है
#5novembre
अगला भाग अगली पोस्ट में
संस्कारी औरत का व्यवहार, पहनावा, बातचीत का तरीका बेहद शालीन, सौम्य, मर्यादित होता है
अक्सर अपनी इच्छाओ से ऊपर अपनो की खुशी को रखती है
जीवन मे जो मिला है उसमे संतोष ढूंढ लेती है
रीति रिवाजो, पूजा पाठ और सांस्कृतिक धरोहर को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में विश्वास रखती है
#RamayanaMovie
संस्कारी औरत का व्यवहार, पहनावा, बातचीत का तरीका बेहद शालीन, सौम्य, मर्यादित होता है
अक्सर अपनी इच्छाओ से ऊपर अपनो की खुशी को रखती है
जीवन मे जो मिला है उसमे संतोष ढूंढ लेती है
रीति रिवाजो, पूजा पाठ और सांस्कृतिक धरोहर को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में विश्वास रखती है
#RamayanaMovie
१..
संस्कारी औरत
संस्कारी शब्द संस्कार से बना है
ऐसी महिला समाज, परिवार और धर्म द्वारा स्थापित ऊंचे नैतिक मूल्यों और परंपराओं का पालन करती है
इनके लिए परिवार की सुख शांति, बड़ों का सम्मान और रिश्तों को संजोकर रखना सबसे ऊपर होता है
#2026MAMAVOTE #Ramayana #iQIYIiJOYTH2027 #GEHLEE
१..
संस्कारी औरत
संस्कारी शब्द संस्कार से बना है
ऐसी महिला समाज, परिवार और धर्म द्वारा स्थापित ऊंचे नैतिक मूल्यों और परंपराओं का पालन करती है
इनके लिए परिवार की सुख शांति, बड़ों का सम्मान और रिश्तों को संजोकर रखना सबसे ऊपर होता है
#2026MAMAVOTE #Ramayana #iQIYIiJOYTH2027 #GEHLEE
संस्कारी औरत और सांसारिक औरत के बीच का मुख्य अंतर उनके जीवन के दृष्टिकोण, प्राथमिकताओ, व्यवहार मे होता है
एक ओर संस्कारी शब्द परंपरा, मर्यादा, मूल्यो से जुड़ा है
वही सांसारिक शब्द आधुनिक व्यवहारिकता, भौतिकता, दुनियादारी को दर्शाता है
#Midterms2026 #NuNew
कृपया पिन पोस्ट वोट करे
संस्कारी औरत और सांसारिक औरत के बीच का मुख्य अंतर उनके जीवन के दृष्टिकोण, प्राथमिकताओ, व्यवहार मे होता है
एक ओर संस्कारी शब्द परंपरा, मर्यादा, मूल्यो से जुड़ा है
वही सांसारिक शब्द आधुनिक व्यवहारिकता, भौतिकता, दुनियादारी को दर्शाता है
#Midterms2026 #NuNew
कृपया पिन पोस्ट वोट करे
संस्कारी और सांसारिक दोनों अलग अलग अवधारणाएँ हैं
जो मनुष्य के जीवन दर्शन, आचरण और दृष्टिकोण को दर्शाती हैं
#BEFIRST
आप सभी को मैं किस रूप में पसंद हूं
कृपया वोट दे कर बताएं ताकि आगे से मैं उसी रूप में आप सभी के साथ रहूँ
पोस्ट को लाइक और यदि संभव हो तो रिपोस्ट और कमेंट जरूर करें
46%संस्कारी (Cultured)
47%सांसारिक (Worldly)
7%कोई नहीं (nobody)
70 votes • Final resultsसंस्कारी और सांसारिक दोनों अलग अलग अवधारणाएँ हैं
जो मनुष्य के जीवन दर्शन, आचरण और दृष्टिकोण को दर्शाती हैं
#BEFIRST
आप सभी को मैं किस रूप में पसंद हूं
कृपया वोट दे कर बताएं ताकि आगे से मैं उसी रूप में आप सभी के साथ रहूँ
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46%संस्कारी (Cultured)
47%सांसारिक (Worldly)
7%कोई नहीं (nobody)
70 votes • Final resultsकैसे रंग लेते हो शब्दों को गेरूए रंग मे
जहां हर पंक्ति रूहानी हो जाती है
इनके अर्थ करने लगते है परिक्रमा मन से मन तक
दूरियां सिमट कर पलको की छांव मे बस संदली हो जाती है
पोर पोर उंगलियों का भर उठता है खुशबू से
हंसते हुए कहा तुमने
मन पवित्र तो हर ओर इत्र ही इत्र है
#JO1
शायद अंतिम
गेरुआ का भारतीय संस्कृति, इतिहास मे गहरा और पवित्र महत्व है
गेरुआ रंग भारत के त्याग,अध्यात्म, ज्ञान,सांस्कृतिक पहचान का प्रतीक है
भारत का गेरुआ से संबंध
त्याग और बलिदान का प्रतीक
आध्यात्मिकता और संतों की भूमि
सांस्कृतिक चेतना
विविधता मे एकता
#जय_माता_दी #जय_श्री_राम
#StarAcademy
भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में भक्ति और गेरुआ रंग का संबंध अत्यंत गहरा और अटूट है
भक्ति जहाँ आत्मा का परमात्मा के प्रति बिना शर्त प्रेम और समर्पण है वहीं गेरुआ (भगवा) रंग उस आंतरिक भक्ति और वैराग्य का बाहरी प्रतीक है
#जय_श्री_महाकाल #जय_श्री_राम
#JUNGKOOK
गेरुआ रंग और कमल का फूल भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिकता और दर्शन मे अत्यधिक गहरा और पवित्र महत्व रखते है
भारतीय संस्कृति मे गेरुआ रंग संन्यास, त्याग और वैराग्य का सबसे बड़ा प्रतीक है
साधु संत और संन्यासी सांसारिक मोह माया को छोड़कर इस रंग के वस्त्र धारण करते है
#ALoveOtherThanYours





























